फीचर्ड इमेज: धान उपार्जन केंद्र, CM विष्णु देव साय और राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा। फोटो: DPR छत्तीसगढ़।
छत्तीसगढ़ में 13 अक्टूबर से चल रही पटवारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल पर प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। सरगुजा संभाग के सभी 819 हड़ताली पटवारियों को तुरंत काम पर लौटने का अल्टीमेटम दिया गया है और शो-कॉज नोटिस जारी हुए हैं। इसी बीच राजस्व विभाग ने छत्तीसगढ़ राजस्व पटवारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष भागवत कश्यप को निलंबित कर दिया है। धान खरीदी 15 नवंबर से शुरू होनी है, इसलिए यह टकराव सीधे किसानों के कामकाज से जुड़ा है।

सरगुजा संभाग में क्या आदेश हुआ
DPR छत्तीसगढ़ की 1 नवंबर की विज्ञप्ति के मुताबिक सरगुजा संभागायुक्त नरेन्द्र दुग्गा ने संभाग के सभी 6 जिलों के एसडीएम (अनुविभागीय दण्डाधिकारी) को निर्देश दिए हैं कि हड़ताल पर गए हर पटवारी को नोटिस देकर तुरंत कार्यभार ग्रहण कराया जाए। पटवारियों को उसी दिन तहसीलदार के ज़रिए व्यक्तिगत लिखित स्पष्टीकरण भी देना होगा। तय तारीख पर मुख्यालय में हाज़िर न होने और जवाब न देने पर नियमों के तहत एकपक्षीय कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
किस जिले में कितने पटवारियों को नोटिस
| जिला | शो-कॉज नोटिस |
|---|---|
| सरगुजा | 216 |
| सूरजपुर | 192 |
| जशपुर | 150 |
| बलरामपुर | 150 |
| कोरिया | 60 |
| मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (MCB) | 51 |
| कुल | 819 |
बलरामपुर जिले में मुख्यालय पर निवास न करने के कारण 5 पटवारियों को निलंबित भी किया गया है। विज्ञप्ति के अनुसार बिना अनुमति गैरहाज़िर रहने की अवधि को “ब्रेक इन सर्विस” माना जाएगा, और उस अवधि के वेतन व सेवा लाभों पर नियमानुसार कार्रवाई होगी।
संघ के प्रदेश अध्यक्ष भागवत कश्यप निलंबित
IBC24 की रिपोर्ट के अनुसार राजस्व विभाग के आदेश में कहा गया है कि भागवत कश्यप जब मुकडेगा तहसील में पदस्थ थे, तब उनके कामकाज में कथित लापरवाही और अनियमितताओं पर 30 सितंबर 2026 को कारण बताओ नोटिस दिया गया था। उन्होंने 5 अक्टूबर को जवाब के लिए दो सप्ताह का अतिरिक्त समय माँगा, लेकिन समय खत्म होने के बाद भी न जवाब दिया, न देरी की सूचना दी। आदेश में इसे सेवा नियमों के प्रतिकूल आचरण बताया गया है। निलंबन के दौरान उनका मुख्यालय तहसील कार्यालय रायगढ़ की कानूनगो शाखा रहेगा। संघ ने इस कार्रवाई को दमनात्मक बताया है।

पटवारी हड़ताल पर क्यों हैं
राजस्व पटवारी संघ की मुख्य आपत्ति PV ऐप (फसल के भौतिक सत्यापन का ऐप) को लेकर है। संघ का कहना है कि ऐप में तकनीकी और व्यवहारिक दिक्कतें हैं, पॉलीगॉन मैपिंग जैसे कामों का पर्याप्त प्रशिक्षण नहीं मिला, और कम समय में काम पूरा करने का दबाव है। ETV भारत और क्षेत्रीय रिपोर्टों के मुताबिक संघ की चार प्रमुख मांगें हैं:
- राजस्व निरीक्षक (RI) पद पर विभागीय पदोन्नति।
- वर्षों से लंबित वेतन विसंगति का निराकरण।
- PV ऐप की तकनीकी समस्याओं का समाधान।
- बलौदाबाजार में तबादलों, महासमुंद में निलंबन और कारण बताओ नोटिस जैसी कार्रवाइयों को वापस लेना।
सरकार का पक्ष: कौन से काम अटके
संभागायुक्त दुग्गा के अनुसार पटवारियों की गैरहाज़िरी से कई समयबद्ध काम रुके हैं:
- डिजिटल क्रॉप सर्वे, फिजिकल वेरिफिकेशन और एग्रीस्टैक
- आगामी धान खरीदी के लिए किसानों के अभिलेखों का सत्यापन
- आय, जाति और निवास प्रमाणपत्र के लिए जाँच प्रतिवेदन
- नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन और राजस्व न्यायालय के मामले
- चक्रवात से हुई फसल क्षति का सर्वे और राहत का आकलन
राज्य में राजस्व विभाग का जिम्मा राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा के पास है, और सरकार मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में है। मुख्यमंत्री ने 30 अक्टूबर को रायपुर में कहा था कि 15 नवंबर से धान खरीदी शुरू होगी और 360 नए उपार्जन केंद्र खुलेंगे।

किसानों और आम लोगों पर असर
धान बेचने के लिए किसान का पंजीयन और खेत में बोई फसल का सत्यापन ज़रूरी है। यह गिरदावरी पटवारी ही करते हैं। TimeTrolls ने 24 अक्टूबर को बताया था कि तहसीलदार संघ ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर डिजिटल फसल सर्वे के 23 लाख से ज़्यादा खसरे बाकी होने की बात कही थी। हड़ताल लंबी चली तो रकबा सुधार, पंजीयन और खरीदी केंद्रों पर विवादों के निपटारे में देरी हो सकती है।
अभी आप क्या करें
- किसान: अपने पंजीयन और रकबे की स्थिति सहकारी समिति या तहसील कार्यालय में अभी से जाँच लें, ताकि खरीदी शुरू होने पर दिक्कत न हो।
- प्रमाणपत्र के आवेदक: आय-जाति-निवास के लंबित आवेदनों की स्थिति तहसील या लोक सेवा केंद्र में पूछें। छात्रवृत्ति या भर्ती की अंतिम तारीख करीब हो तो अधिकारियों को लिखित में बताएँ।
- फसल क्षति: चक्रवात से नुकसान हुआ है तो ग्राम पंचायत या तहसील में आवेदन ज़रूर दें।
आगे क्या
सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि गैरहाज़िर पटवारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी, जबकि संघ अपनी मांगों पर अड़ा है। प्रदेश अध्यक्ष के निलंबन के बाद दोनों पक्षों में टकराव बढ़ने के आसार हैं। बातचीत से हल निकला या हड़ताल आगे खिंची, इस पर TimeTrolls नज़र रखेगा।

FAQ
पटवारी हड़ताल कब से चल रही है?
13 अक्टूबर 2026 से, पूरे प्रदेश में।
सरगुजा संभाग में कितने पटवारियों को नोटिस मिला?
819, छह जिलों में। बलरामपुर में 5 पटवारी निलंबित भी हुए।
पटवारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष कौन हैं और उन पर क्या कार्रवाई हुई?
भागवत कश्यप। राजस्व विभाग ने उन्हें निलंबित कर दिया है।
धान खरीदी कब से है?
15 नवंबर 2026 से।
यह भी पढ़ें: धान खरीदी से पहले पटवारी हड़ताल, तहसीलदार संघ की चिट्ठी | चक्रवात अर्नब: फसल नुकसान सर्वे | PM-किसान 24वीं किस्त: छत्तीसगढ़ के किसानों को 498 करोड़
स्रोत: DPR छत्तीसगढ़, 1 नवंबर 2026 (क्र. 10526); IBC24; ETV भारत; DPR छत्तीसगढ़, 30 अक्टूबर 2026 (क्र. 10460)। Last updated: 1 Nov 2026








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