फीचर्ड इमेज: जगदलपुर की आमसभा को संबोधित करते केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया। फोटो: केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया (@mansukhmandviya, आधिकारिक X)
बारिश के बीच सिर पर होर्डिंग्स रखकर चलते कार्यकर्ता, हाथों में “स्पीक फॉर इंडिया, स्टैंड फॉर इंडिया” की तख्तियां और आगे-आगे केंद्रीय मंत्री: बस्तर संभाग के मुख्यालय जगदलपुर में सोमवार, 2 नवंबर 2026 को भाजपा ने अपने राष्ट्रीय अभियान “लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ” के तहत बड़ी पदयात्रा निकाली। इसकी अगुवाई केंद्रीय श्रम एवं रोजगार तथा युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने की। इसी दिन उन्होंने शहर के शासकीय कृषि महाविद्यालय में छात्रों के साथ “युवा संवाद” भी किया।
कार्यक्रमों में प्रदेश के वन मंत्री केदार कश्यप, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और जगदलपुर विधायक किरण सिंह देव, बस्तर सांसद महेश कश्यप और भाजपा जिला अध्यक्ष वेदप्रकाश पांडेय समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। प्रदेश में इस समय मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में भाजपा सरकार है और राज्यपाल रमेन डेका हैं।
दंतेश्वरी मंदिर के सामने सभा, फिर पदयात्रा
पदयात्रा से पहले जगदलपुर के दंतेश्वरी मंदिर के सामने आमसभा हुई। इसके बाद पदयात्रा शहर की सड़कों से होते हुए सिरहासार चौक तक पहुंची। ETV भारत की रिपोर्ट के अनुसार इसमें बस्तर जिले के अलग-अलग मंडलों से कार्यकर्ता और व्यापारी वर्ग के लोग भी शामिल हुए। मांडविया ने अपने आधिकारिक X हैंडल पर लिखा, “जगदलपुर की सड़कों पर उमड़ा जनसैलाब गवाह है, देश का भरोसा सिर्फ सच्चाई और मोदी जी पर है!” एक और पोस्ट में उन्होंने लिखा, “मोदी कहीं नहीं जाएगा!”

मांडविया का कांग्रेस पर हमला
सभा में मांडविया ने कहा कि देश की जनता ने कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों को नकार दिया है और अपना अस्तित्व बचाने के लिए वे देश में अराजकता फैलाने का षड्यंत्र रच रहे हैं। उन्होंने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए 1975 के इलाहाबाद हाईकोर्ट मामले का ज़िक्र किया और आरोप लगाया कि इंदिरा गांधी ने इलाहाबाद (रायबरेली सीट) में “वोट चोरी” कर चुनाव जीता था, जिसे उन्होंने देश में वोट चोरी का पहला मामला बताया। ऐतिहासिक तथ्य यह है कि 12 जून 1975 को इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस जगमोहनलाल सिन्हा ने राज नारायण की याचिका पर इंदिरा गांधी का 1971 का चुनाव भ्रष्ट आचरण (चुनाव में सरकारी तंत्र के इस्तेमाल) के आधार पर रद्द कर दिया था।
केदार कश्यप ने हल्बी में बोला हमला
वन मंत्री केदार कश्यप ने बस्तर की स्थानीय बोली हल्बी में सभा को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि देश का प्रधानमंत्री कौन होगा, यह पाकिस्तान या बांग्लादेश नहीं, बल्कि देश की जनता तय करेगी। उन्होंने कांग्रेस नेताओं की तुलना “कोलिया” (लोमड़ी) से और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तुलना बाघ से की, और घुसपैठ का मुद्दा भी उठाया। किरण सिंह देव ने अपने X पोस्ट में आरोप लगाया कि कांग्रेस देश की संवैधानिक संस्थाओं पर बेबुनियाद आरोप लगाकर जनता में भ्रम फैला रही है।

अभियान क्यों: SIR पर आरोप-प्रत्यारोप
भाजपा का यह अभियान 5 नवंबर 2026 तक देशभर में चल रहा है। पार्टी का कहना है कि इसके ज़रिए मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और चुनाव प्रक्रिया पर विपक्ष के आरोपों का जवाब दिया जाएगा और लोगों को साफ-सुथरी मतदाता सूची की अहमियत बताई जाएगी। एक दिन पहले, 1 नवंबर को, इंडिया ब्लॉक ने दिल्ली के रामलीला मैदान में महारैली की थी, जिसमें राहुल गांधी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग की थी। इस पर हमारी रिपोर्ट यहां पढ़ें। इसी अभियान के तहत वरिष्ठ भाजपा नेता जेपी नड्डा की दुर्ग पदयात्रा भी हो चुकी है।
कृषि महाविद्यालय में “युवा संवाद”: SIR पर छात्र से सीधी बात
पदयात्रा से पहले मांडविया ने शासकीय कृषि महाविद्यालय, कुम्हरावंड के सभागार में विकसित भारत “युवा संवाद” कार्यक्रम में हिस्सा लिया। छत्तीसगढ़ जनसंपर्क विभाग (DPR) की विज्ञप्ति के अनुसार उन्होंने शुरुआत में ही कहा कि वे औपचारिक भाषण देने नहीं, बल्कि युवाओं से खुलकर बात करने आए हैं। संवाद में उन्होंने मतदाता सूची पुनरीक्षण की प्रक्रिया पर प्रांजल नाम के छात्र से सीधे बात की और पारदर्शी व शुद्ध मतदाता सूची का महत्व समझाया।

मांडविया ने MY Bharat डिजिटल प्लेटफॉर्म की जानकारी दी, जिसके ज़रिए युवाओं को नवाचार, मेंटरशिप, वॉलंटियरिंग और करियर के मौकों से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने बताया कि इसके माध्यम से देशभर में एक लाख युवा लीडर तैयार करने का लक्ष्य है। उन्होंने युवाओं को “अमृत पीढ़ी” कहा और कहा कि 2047 में आज़ादी की शताब्दी पर विकसित भारत की बागडोर इन्हीं के हाथ में होगी। उन्होंने प्रधानमंत्री के “पंच प्रण” अपनाने और हर क्षेत्र में “नेशन फर्स्ट” की भावना से काम करने की अपील की, और चित्रकोट जलप्रपात जैसी बस्तर की प्राकृतिक धरोहरों की सराहना की। कार्यक्रम में केदार कश्यप ने युवाओं को राष्ट्र सेवा की शपथ दिलाई, जबकि सांसद महेश कश्यप और विधायक किरण सिंह देव ने भी छात्रों को संबोधित किया।

गौरतलब है कि मांडविया 1 नवंबर को रायपुर में छत्तीसगढ़ राज्योत्सव 2026 के उद्घाटन में मुख्य अतिथि थे, जिसके बाद वे बस्तर पहुंचे।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
“लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ” अभियान कब तक चलेगा?
भाजपा के अनुसार यह देशव्यापी अभियान 5 नवंबर 2026 तक चलेगा, जिसमें पदयात्राएं, सभाएं और जनसंपर्क कार्यक्रम हो रहे हैं।
जगदलपुर में पदयात्रा कहां से कहां तक निकली?
दंतेश्वरी मंदिर के सामने सभा के बाद पदयात्रा सिरहासार चौक तक निकाली गई।
युवा संवाद कहां हुआ?
जगदलपुर के शासकीय कृषि महाविद्यालय, कुम्हरावंड के सभागार में।
स्रोत
- छत्तीसगढ़ जनसंपर्क विभाग (dprcg.gov.in) की विज्ञप्ति: “2047 के विकसित भारत की बागडोर ‘अमृत पीढ़ी’ के हाथों में”, 2 नवंबर 2026
- डॉ. मनसुख मांडविया (@mansukhmandviya), किरण सिंह देव (@KiranDeoBJP) और केदार कश्यप (@KedarKashyapBJP) के आधिकारिक X पोस्ट, 2 नवंबर 2026
- ETV भारत छत्तीसगढ़ और डिस्पैच न्यूज़ की रिपोर्ट, 2 नवंबर 2026
नोट: इस खबर की सभी तस्वीरें डॉ. मनसुख मांडविया और किरण सिंह देव के आधिकारिक X हैंडल से ली गई हैं।








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